ChhattisgarhCrimeRaigarh

रायगढ़ / अपने पति को धोखा देकर कनाडा भागने को तैयार महिला ममता रानी दिल्ली के अन्तरर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट से गिरफ्तार..! सीनियर अधिवक्ता इंदर प्रसाद शर्मा , अशोक कुमार मिश्रा और आशीष कुमार मिश्रा ने जमानत आवेदन का किया पुरजोर विरोध..!

रायगढ़। पुलिस थाना कोतरारोड में दर्ज अपराध धारा 420 के अपराध में पति से बेवफाई करके उसकी जायदाद हड़पने के बाद फर्जी पासपोर्ट और जाली दस्तावेज बनाकर कनाडा भाग जाने वाली महिला ममता रानी पति सोमवीर सिंह गोच्छवाल की जमानत याचिका मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी रायगढ़ द्वारा कल खारिज कर दी गई। इस महिला को अन्तरराष्ट्रीय उडान द्वारा कनाडा फरार होने की पूरी तैयारी कर लेने के बाद दिल्ली एयरपोर्ट पर 29 अक्टूबर को रात्रि 2.30 बजे गिरफ्तार किया गया था, जिसके बाद उसे 1 नवंबर को सीजेएम रायगढ की अदालत में पेश किया गया था, जहां उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी गई।


प्राप्त जानकारी के अनुसार ममता रानी ने वर्ष – 2013 में प्रसिद्ध ट्रांसपोर्ट व्यवसायी सोमवीर सिंह गोच्छवाल से विवाह किया और अपने परिजनों के मार्फत अपने पति पर दबाव देकर अपने पति से बराबर की भागीदारी में एक फर्म बनवाया, जिसका नाम उसने अपने ही नाम पर ममता रानी ट्रांसपोर्ट रखवाया एवं अपने पति की बिना जानकारी के वह फर्म की लाखों की रकम निकाल-निकाल कर अपने मायके वालों को देती रही। ममता रानी ने विवाहित पत्नी के रूप में अगस्त 2013 में एक पासपोर्ट बनवाया था लेकिन बाद में अपनी पहचान बदलने के लिए खुद को सेपरेटर होने का झूठा शपथपत्र देकर दूसरा पासपोर्ट बनवा लिया और ममता रानी फर्म की सभी रकम अपने और अपने रिष्तेदारों के नाम पर ट्रांसफर करने के बाद अचानक अपने पति के घर से पूरे गहना जेवर लेकर वर्ष 2019 में कनाडा भाग गई, जिसके बाद पुलिस थाना कोतरारोड में ममतारानी के विरूद्ध धारा- 420 भादवि के तहत अपराध दर्ज किया गया एवं भारतीय विदेष मंत्रालय और कनाडा के विदेष मंत्रालय ने ममता रानी के फर्जी पासपोर्ट की शिकायतों की अलग से जांच शुरू किया।


इसी दौरान यह पता चला कि ममता रानी ने कनाडा में वर्किंग वीजा हासिल करने के लिए शिवाजी विद्यापीठ भदाना, जिला- सोनीपथ के प्राचार्य की जाली सील बनवाकर और जाली हस्ताक्षर करके कम्प्यूटर अध्यापन का फर्जी प्रमाणपत्र बना लिया है, जिसकी जांच होने पर उस विद्यालय के प्राचार्य एवं खण्ड शिक्षा अधिकारी ने उक्त प्रमाणपत्र के फर्जी होने की पुष्टि की, जिसके बाद ममता रानी के विरूद्ध 7 दिसंबर 2020 को पुलिस थाना सोनीपत सदर में अपराध क्रमांक-41/2020, धारा – 420, 465 दर्ज किया गया। आरोपी महिला ने अपने पति पर समझौता के लिए दबाव बनाने के इरादे से अपने पति और सास ससुर सहित ससुराल के अन्य सदस्यों के विरूद्ध हरियाणा प्रान्त में दहेज यातना और गर्भपात का अपराध दर्ज करा दिया लेकिन पुलिस जांच में वह मामला सही नहीं पाया गया। इस बीच कोतरारोड थाना की पुलिस आरोपी महिला की गिरफ्तारी का प्रयास करती रही लेकिन चालाक ममता रानी देश छोड़कर विदेष भागने की पूरी तैयारी कर चुकी थी, परन्तु रायगढ़ के पुलिस अधीक्षक अभिशेक मीणा की सूझ-बूझ और सतर्कता के कारण इस महिला के विरूद्ध लुक आउट नोटिस जारी हो चुकी थी, जिसकी भनक तक ममता रानी को नहीं थी। इसलिए वह कनाडा की टिकट बुक करा कर 29 अक्टूबर की रात 2़3.30 बजे दिल्ली के अन्तरराष्ट्रीय हवाई अड्डा पहंुची और जैसे ही वहां अपने लगेज के साथ आगे बढ़ी वैसे ही एयरपोर्ट अथारर्टी ने लुक आउट नोटिस के आधार पर उसे गिरफ्तार करके दिल्ली पुलिस के हवाले कर दिया।


जो जानकारी सामने आ रही है उसके अनुसार गिरफ्तारी के बाद ममता रानी ने दिल्ली की अदालत पटियाला हाउस में भी जमानत आवेदन पेश किया था लेकिन उसका जमानत आवेदन खारिज हो गया जिसके बाद ट्रांजिट रिमांड में उसे रायगढ लाकर सीजेएम की अदालत में उसे पेश किया गया।
विदेश भाग कर हमेशा के लिए फरार होने का इरादा रखने वाली ममता रानी को आज जिला जेल रायगढ़ में दाखिल कर दिया गया।

Back to top button