छोड़कर सामग्री पर जाएँ

फिर चर्चा में ट्रस्ट की बेशकीमती प्रॉपर्टी : बुजी भवन मे चल रहे ‘फर्नीचर शो रूम’ पर बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण का आरोप! निगम कमिश्नर, एसडीएम, कलेक्टर से शिकायत

रायगढ़। शहर में इन दिनों विकास और अतिक्रमण हटाने के नाम पर प्रशासन का बुलडोजर खूब गरज रहा है, लेकिन यह बुलडोजर अक्सर गरीबों की झुग्गियों और छोटी दुकानों का ही रास्ता देखता है। वहीं दूसरी तरफ, शहर के रसूखदार पूंजीपति जनसेवा के लिए बनाई गई ट्रस्ट की कीमती जमीनों और संपत्तियों पर बेखौफ अपना साम्राज्य खड़ा कर रहे हैं। इन रसूखदारों के लिए नगर निगम और प्रशासन के नियम-कानून मानो किसी डस्टबिन में फेंक दिए गए हों। एक ताजा और ज्वलंत उदाहरण रायगढ़ के हृदय स्थल पर स्थित ‘बुजी भवन’ ( सेठ किरोड़ीमल ट्रस्ट की धर्मशाला) से सामने आया है।

धर्मशाला में फर्नीचर शोरूम और अब अवैध ‘मॉडिफिकेशन’

बुजी भवन मूल रूप से एक ट्रस्ट की धर्मशाला है, जो अब धर्मशाला छोड़कर व्यवसायिक प्रयोजन के लिए वर्तमान में मामूली किराए पर संचालित की जा रही है। जनसेवा के उद्देश्य से बनी इस बेशकीमती जगह पर सालों से एक बड़ा फर्नीचर शोरूम तना हुआ है। फ़िलहाल यहा ‘फर्नीचर हाउस’  बड़े पैमाने पर बांस-बल्लियां और मचान (स्काफोल्डिंग) लगाकर निर्माण कार्य किया जा रहा है और वहां रेत-गिट्टी का ढेर लगा है।

भीतर कंस्ट्रक्शन वर्क जारी

मजे की बात यह है कि इस पूरी जगह को अब अपने हिसाब से और भी आलीशान बनाने के लिए बड़े पैमाने पर मॉडिफिकेशन (तोड़फोड़ और मरम्मत) का खेल चल रहा है, और इसके लिए आरोप है कि सभी नियम-कानून को ताक पर रख दिया गया है। कोई विधिवत अनुमति नहीं ली गई है।

रमेश बंसल पर आरोप

इस खुलेआम चल रही कथित अवैध कंस्ट्रक्शन के खिलाफ मंगलवार, 23 जून 2026 को अंशु टुटेजा ने नगर निगम कमिश्नर के समक्ष एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत पत्र में स्पष्ट आरोप लगाया गया है कि रमेश बंसल द्वारा बिना किसी सक्षम प्राधिकारी और ट्रस्ट की विधिवत अनुमति के यह तोड़फोड़ और मरम्मत कार्य कराया जा रहा है।

अंशु टुटेजा के द्वारा की गई शिकायत

​चुंकि यह एक ट्रस्ट की संपत्ति है, इसलिए किसी भी प्रकार के निर्माण या परिवर्तन के लिए नियमानुसार पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य है। बिना अनुमति के चल रहे इस बेतरतीब काम से भवन की मूल संरचना (Original Structure) को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका है।

कमिश्नर, कलेक्टर और एसडीएम को शिकायत, अब एक्शन का इंतजार

​अंशु टुटेजा ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए अपनी शिकायत की प्रतिलिपि रायगढ़ के जिला कलेक्टर और अनुविभागीय अधिकारी (SDM) को भी सौंपी है। शिकायतकर्ता ने मांग की है कि इस अवैध निर्माण कार्य को तत्काल प्रभाव से रोका जाए और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।

जानकारी के अनुसार, अधिकारियों ने मामले में त्वरित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। अब शहरवासियों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या प्रशासन का बुलडोजर सिर्फ गरीबों की बस्तियों का रास्ता जानता है, या फिर शहर के बीचों-बीच नियम-कानूनों को डस्टबिन में डालकर ट्रस्ट की संपत्ति पर कथित मनमानी करने वाले रसूखदारों पर भी कोई ‘सिस्टमैटिक’ हथौड़ा चलेगा?

ख़बर शेयर करें: