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भूपेश बघेल सेक्स सीडी कांड से सभी आरोपों से बरी! CBI की विशेष कोर्ट ने कहा, कोई आधार नहीं!

रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को सेक्स सीडी कांड से सभी आरोपों से बरी कर दिया गया है। CBI की विशेष कोर्ट ने मामले में कोई आधार न होने का ‘निर्णय’ सुनाया। अगली सुनवाई 4 अप्रैल को होगी, जबकि अन्य चार आरोपियों पर कोई निर्णय नहीं आया है।

मंगलवार को पूर्व CM भूपेश बघेल, विनोद वर्मा और कैलाश मुरारका रायपुर कोर्ट में पेश हुए। पिछली सुनवाई में CBI ने अपना पक्ष रखा था। यह दूसरी बार है जब सभी आरोपियों ने कोर्ट में हाजिरी दी है। भूपेश बघेल के अलावा बाकी 4 आरोपियों कैलाश मुरारका, विनोद वर्मा, विजय भाटिया, विजय पांडया पर अभी कोई फैसला नहीं आया है। आपको बता दे कि इस केस के एक आरोपी रिंकू खनूजा की मौत हो चुकी है। अगली सुनवाई 4 अप्रैल को होगी।

सीबीआई कोर्ट से निकलते हुए भूपेश बघेल

भूपेश बोले “सत्यमेव जयते”

सभी आरोपों से बरी होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री भुपेश बघेल ने ट्वीट कर लिखा की “सत्यमेव जयते”

https://twitter.com/bhupeshbaghel/status/1896926543445959077

कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने क्या कहा-

“बीजेपी की तत्कालीन केंद्र सरकार ने छत्तीसगढ़ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष रहते हुए भूपेश बघेल के खिलाफ फर्जी सीडी वाले मामले में सीबीआई से मुकदमा दर्ज करवाया था। आज सीबीआई की विशेष अदालत ने सभी धाराओं को हटा दिया है। यह सभी धाराएं गलत थी। सत्य परेशान हो सकता है, लेकिन पराजित नहीं हो सकता है। सत्यमेव जयते”

https://twitter.com/BhupeshOnline/status/1896936271177785692

CBI ने इलेक्ट्रॉनिक एविडेंस होने का दावा किया

भूपेश बघेल के बचाव में जबलपुर हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता मनीष दत्त ने कोर्ट में दलीलें रखीं। अधिवक्ता मनीष दत्त ने कहा कि बघेल को झूठे मामले में फंसाया गया है। भूपेश ने न तो सीडी बनवाई और न ही सीडी बांटी। उन्होंने किसी तरह का कोई ऑफेंस (अपराध) नहीं किया है।

पिछली सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील फैजल रिजवी ने बताया था कि कोर्ट में CBI बनाम कैलाश मुरारका और अन्य के विरुद्ध जांच पर बहस थी। CBI ने बहस पूरी कर ली है। अब अभियुक्त के वकील बहस कर रहे हैं। लगभग सभी आरोपी कोर्ट में पेश हुए हैं। CBI ने इलेक्ट्रॉनिक एविडेंस होने का दावा किया है।

क्या है सेक्स सीडी कांड केस ?

अक्टूबर 2017 में छत्तीसगढ़ में एक सेक्स सीडी सामने आई, जिसे पूर्व मंत्री राजेश मूणत से जोड़कर देखा गया। रायपुर में मामला दर्ज हुआ और पत्रकार विनोद वर्मा की गिरफ्तारी हुई, जिसे कांग्रेस ने साजिश बताया। सितंबर 2018 में कांग्रेस नेता भूपेश बघेल को भी गिरफ्तार किया गया था, लेकिन उन्होंने जमानत नहीं ली। इसके बाद कांग्रेस ने भाजपा सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। भूपेश बघेल ने 2018 विधानसभा चुनाव में जीतकर मुख्यमंत्री का पद संभाला। मामले में 2018 में ही CBI ने चार्जशीट पेश की थी, पर तब कोई सुनवाई नहीं हुई थी, अब रायपुर कोर्ट में बहस चल रही है।

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