रायगढ़। जिले के पूंजीपथरा थाना क्षेत्र में 17 जून को मिली एक अज्ञात महिला की जली हुई लाश के अंधे कत्ल (Blind Murder) की गुत्थी पुलिस ने महज 72 घंटों के भीतर सुलझा ली है। इस खौफनाक वारदात को किसी और ने नहीं, बल्कि महिला के साथ ‘लिव-इन’ में रह रहे उसके प्रेमी ने ही अंजाम दिया था। हत्या की वजह आपसी विवाद और दूसरी पत्नी रखने का शक बताया जा रहा है।

क्या था पूरा मामला?
17 जून 2026 को तमनार चौक से पूंजीपथरा जाने वाले पगडंडी मार्ग पर मायाराम सालिकराम क्रेशर के पास एक अधेड़ महिला का शव अधजली अवस्था में मिला था। घटनास्थल पर शव को घसीटे जाने के साफ निशान थे। पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती इस अज्ञात लाश की शिनाख्त (पहचान) करना था, क्योंकि हत्यारे ने पहचान मिटाने के लिए चेहरे और शरीर को बुरी तरह जला दिया था।
सोशल मीडिया से मिला सबसे बड़ा सुराग
मामले की गंभीरता को देखते हुए पूंजीपथरा पुलिस ने मृतका के कपड़ों और घटनास्थल की तस्वीरों को सोशल मीडिया और स्थानीय औद्योगिक इकाइयों में प्रसारित किया। इसी बीच पुलिस को सूचना मिली कि लक्ष्मी कॉलोनी (पूंजीपथरा) में किराए के मकान में रहने वाला इमिलीयूस तिग्गा और एक महिला कुछ दिनों से गायब हैं।
जांच को तब पुख्ता आधार मिला जब जशपुर जिले के ग्राम बोरो से दो युवक रायगढ़ पहुंचे। उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरें देखकर कपड़ों और शव की शिनाख्त अपनी 60 वर्षीय मां ‘मंगरिता एक्का’ के रूप में की।

शक, शराब और फिर गला घोंटकर हत्या
शिनाख्त होते ही पुलिस ने संदेही इमिलीयूस तिग्गा (45 वर्ष) की तलाश शुरू की और उसे जशपुर जिले के फरसाबहार इलाके से धर दबोचा। पुलिस की कड़ाई से पूछताछ में इमिलीयूस ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी एनआर फेरो प्लांट और मृतका मां शिवा प्लांट में मजदूरी करते थे। तीन महीने पहले दोनों की पहचान हुई और वे पूंजीपथरा में पति-पत्नी की तरह एक साथ रहने लगे। आरोपी ने बताया कि मृतिका अक्सर उस पर ‘दूसरी पत्नी’ रखने का शक करती थी, जिसे लेकर दोनों में विवाद होता था।
17 जून को जब दोनों गांव जाने के लिए निकले, तो रास्ते में एक महुआ पेड़ के नीचे बैठकर उन्होंने शराब पी। इसी दौरान पुरानी बातों को लेकर फिर विवाद हुआ, जिस पर इमिलीयूस ने गुस्से में आकर मंगरिता की साड़ी से ही उसका गला घोंट दिया।
पेट्रोल पंप से खरीदा पेट्रोल और जला दिया शव
हत्या के बाद आरोपी ने शव को झाड़ियों में छिपा दिया। शाम होने पर वह पास के पेट्रोल पंप से एक बोतल में पेट्रोल खरीद कर लाया। उसने शव को घसीटकर क्रेशर डस्ट के ढेर के पास ले जाकर उस पर पेट्रोल छिड़का और पहचान छिपाने के इरादे से आग लगा दी।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल की गई पेट्रोल की बोतल और माचिस बरामद कर ली है। आरोपी इमिलीयूस तिग्गा को बीएनएस की धारा 103(1) और 238 के तहत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
इस अंधे कत्ल को सुलझाने में पूंजीपथरा थाना प्रभारी निरीक्षक रामकिंकर यादव, उप निरीक्षक दिलीप बेहरा, और उनकी टीम की अहम भूमिका रही।



