रायगढ़। धरमजयगढ़ वनमंडल के अंतर्गत छाल रेंज में लगभग 40 हाथियों के बड़े दल से एक मादा शावक के अलग होने का मामला सामने आया है। हाथियों के झुंड से छोटे शावक के बिछड़ने के बाद वन विभाग सक्रिय हो गया है और मैदानी अमला स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है। विभाग का प्रयास है कि शावक को जल्द से जल्द उसके दल से सुरक्षित मिलाया जाए।

छाल रेंज कार्यालय में शावक की देखभाल, सुरक्षा पर फोकस
वन अधिकारियों के अनुसार, झुंड से बिछड़े शावक की सुरक्षा, खानपान और दल के साथ उसका सुरक्षित पुनर्मिलन कराना बेहद चुनौतीपूर्ण और संवेदनशील कार्य है। अधिकारियों का कहना है कि वर्तमान में सबसे प्राथमिक कार्य शावक को सुरक्षित माहौल देना है।
ताजा स्थिति के अनुसार, इस मादा हाथी शावक को फिलहाल छाल रेंज कार्यालय परिसर में सुरक्षित रखा गया है। वहां वन विभाग की विशेष टीम द्वारा उसकी लगातार देखभाल की जा रही है, ताकि उसके स्वास्थ्य या सुरक्षा को किसी प्रकार का खतरा न हो।

ग्रामीण इलाकों में बढ़ाई गई सतर्कता
इस संवेदनशील स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में निगरानी और सतर्कता बढ़ा दी है। विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे शावक या हाथियों की गतिविधि के दौरान किसी भी तरह का हस्तक्षेप करने से बचें, ताकि पुनर्मिलन की प्रक्रिया में कोई बाधा न आए।
वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि हाथी शावक की देखभाल, आगे की विभागीय प्रक्रियाओं और मुख्य दल के साथ उसके सुरक्षित पुनर्मिलन को लेकर जल्द ही विस्तृत जानकारी साझा की जाएगी।









