जशपुर। कुनकुरी थाना क्षेत्र में 10 माह के मासूम बच्चे की खरीद-फरोख्त के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। महिला पर अपने ही बच्चे को बिचौलिए के जरिए पश्चिम बंगाल निवासी एक व्यक्ति को 1 लाख 80 हजार रुपये में बेचने का आरोप है। सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने पश्चिम बंगाल पहुंचकर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया और मां सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार, ब्लॉक कॉलोनी कुनकुरी निवासी लक्ष्मी बाई ने कुनकुरी थाने में इस संबंध में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। प्रार्थिया के पुत्र शंकर चौहान को पिता की मृत्यु के बाद अनुकंपा नियुक्ति मिली थी। शंकर चौहान, यशोदा यादव के साथ रहता था। यशोदा यादव ने 18 दिसंबर 2025 को एक बच्चे को जन्म दिया था, जिसे मार्च 2026 में बेच दिया गया था।
बाल खरीदने वाले बिचौलिए के जरिए हुआ था सौदा
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने पश्चिम बंगाल निवासी 43 वर्षीय सुकरू आलम उर्फ बंगाली को हिरासत में लेकर पूछताछ की। आरोपी ने बताया कि वह बाल खरीदने का काम करता था और इसी दौरान कुनकुरी में उसकी पहचान यशोदा यादव से हुई थी। सुकरू आलम ने ही बच्चे को पश्चिम बंगाल निवासी 52 वर्षीय शेख अलविन के पास पहुंचाया था।
डीआईजी एवं एसएसपी डॉ लाल उमेद सिंह के निर्देश पर गठित विशेष पुलिस टीम को पश्चिम बंगाल भेजा गया। वहां दबिश देकर शेख अलविन को पकड़ा गया। पूछताछ में शेख अलविन ने स्वीकार किया कि उसने मार्च 2026 में यशोदा यादव के बच्चे को 1 लाख 80 हजार रुपये में खरीदकर अपनी बेटी को सौंप दिया था।
बच्चे को लिया गया संरक्षण में, पांचों आरोपी जेल भेजे गए
पुलिस टीम ने पश्चिम बंगाल से 9 से 10 माह के बच्चे को सकुशल बरामद कर अपने संरक्षण में लिया। इसके बाद पुलिस ने खरीद-फरोख्त में संलिप्त सुकरू आलम उर्फ बंगाली, शेख अलविन, निर्मला तिर्की, फूलकुंवारी यादव और बच्चे की मां यशोदा यादव को गिरफ्तार किया। सभी पांचों आरोपियों को अदालत में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की आगे जांच कर रही है।









