रायगढ़। रायगढ़ में इन दिनों गजब खेल हो रहा है, कंपनियों को सरकारी प्रोटेक्शन में लूट की छूट है। अगर इन कंपनियों के खिलाफ कोई आंदोलन या आवाज उठाता है तो , उसको अंदर डाल दो, अगर वह आपके काम में रुकावट डालता है, अगर वह कंपनी जिंदल और अडानी की है, तो पूरा सिस्टम लगा दो! यह बात हम नहीं बोल रहे हैं, आज रायगढ़ में कोतरा रोड थाने के सामने शाम 5:00 बजे से धरने पर कुछ लोग बैठे हुए हैं, संभवत ग्रामीण है, उन्होंने जो कैमरे के सामने बोला; यह वाकई इस बात को स्पष्ट करता है।

इसके पहले आप यह वीडियो देखिए। इस वीडियो में एक मां अपने गोद में अपने बच्चे लेकर बैठी है! और एक बूढी मां पूरी कहानी बता रही है। वीडियो के पहले हम आपको एक शॉर्ट डिस्क्रिप्शन देते हैं,

दरअसल रायगढ़ जिले के खरसिया विधानसभा के माननीय विधायक पूर्व मंत्री उमेश पटेल और वर्तमान वित्त मंत्री माटीपुत्र ओपी चौधरी के गृह क्षेत्र से जुड़ा हुआ मामला है। जहाँ ग्राम गेजामुड़ा के करीब 28 किसान अडानी की रेलवे लाइन परियोजना से प्रभावित हैं। जिनके जमीन गई, उन्हें मुआवजा सही तरीके से नहीं मिला। एक बंदा जिसका नाम ऋषि पटेल है. उसने आवाज उठाई और आज अंजाम यह हुआ कि पुलिस ने परिजनों को बिना बताए उसे जेल में डाल दिया है। वह आज पुलिस द्वारा जिंदल स्टील में बुलाया गया था, सूत्रों का कहना है कि 2:00 बजे पुलिस उठाकर ले गई और परिजन बोलते हैं कि उसे किडनैप कर लिया गया। विश्वस्त्र सूत्रों के मुताबिक फिलहाल अभी वह जेल में है। परिजन 4 घंटे से थाने के सामने धरने पर हैं।
देखिए पीड़ित की मां का वीडियो
इस बारे में एक और सनसनीखेज बात पता चली है कि इस गिरफ्तारी के पीछे सबसे बड़ा कारण यह है कि आजकल में वहां एक बड़ा आंदोलन होने वाला है, जिसे कुचलने की तैयारी की जा रही है। ये इस प्लान की पहली सीढ़ी है।
ऋषि के भाई शशि पटेल का आरोप है कि ऋषि को दोपहर 2 बजे जेएसपीएल (JSPL) प्लांट में ‘गेट पास में दिक्कत है’ का झांसा देकर बुलाया गया था. शाम 5 बजे से बुजुर्ग मां, पत्नी और बच्चे सहित पूरा परिवार कोतरा रोड थाने के सामने धरने पर बैठा है, लेकिन पुलिस का कोई भी अधिकारी उन्हें स्पष्ट जवाब नहीं दे रहा है.
बाकी आज जो हो रहा है, आप देख लीजिए, जनता जनार्दन है, आज उनकी तो कल आपकी भी बारी होगी। आखिर आपके ही वोट से तो सरकार बनी है।

फिलहाल हम जब यह खबर पढ़ रहे होंगे, तब हम बिस्तर में एसी में लेटे होंगे और वह इंसाफ के लिए सड़क पर बैठे हैं। वैसे तो आपको यकीन हो चुका है कि आप लोग कुछ नहीं कर सकते मगर, अगली बार वोट देने के पहले, ऐसी सरकार, ऐसे प्रतिनिधि चुनने से पहले, आप इस बात को जहन में जरूर रखिएगा, कि आप क्या कर सकते है. .?



